डोमेन नेम क्या है? आसान भाषा में
डोमेन नेम किसी वेबसाइट का पता है, जैसे google.co.in या yourbusiness.in। यह याद रखने में आसान नाम है जो वेबसाइट वाले कंप्यूटर के नंबर वाले पते (IP address) की ओर इशारा करता है।
डोमेन नेम के हिस्से
| हिस्सा | उदाहरण | मतलब |
|---|---|---|
| एक्सटेंशन (TLD) | .in, .com | नाम का आखिरी हिस्सा |
| आपका नाम | sharmasweets | जो आप चुनकर रजिस्टर करते हैं |
| सबडोमेन | shop.sharmasweets.in | जो आप खुद मुफ़्त में बना सकते हैं |
डोमेन काम कैसे करता है?
कंप्यूटर एक-दूसरे को नंबरों (IP address) से पहचानते हैं। DNS एक फ़ोन बुक की तरह है: जब आप डोमेन टाइप करते हैं, तो DNS बताता है कि उसका IP address क्या है, और आपका ब्राउज़र वहाँ पहुँच जाता है।
डोमेन कौन संभालता है?
- ICANN: पूरी दुनिया के डोमेन सिस्टम के नियम बनाता है।
- NIXI: भारत का .in एक्सटेंशन चलाता है।
- रजिस्ट्रार: GoDaddy, BigRock जैसी कंपनियाँ जो आपको डोमेन बेचती हैं।
- आप: जब तक रिन्यू करते रहेंगे, डोमेन आपका है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या डोमेन हमेशा के लिए मेरा हो जाता है?
नहीं, यह किराये जैसा है। हर साल (या कुछ सालों के लिए) रिन्यू करते रहें तो कोई और इसे नहीं ले सकता।
डोमेन और होस्टिंग में क्या फ़र्क है?
डोमेन आपका पता है और होस्टिंग वह ज़मीन जिस पर वेबसाइट रूपी घर बना है।